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Pink Cold: एमपी में गुलाबी ठंड ने दी एंट्री, लोगों को हुआ कंपन का एहसास

भोपाल। एमपी के बड़े हिस्सों में बारिश का अंतिम दौर खत्म होने के बाद गुलाबी ठंड की एंट्री हो गई है। मौसम का मिजाज धीरे-धीरे बदलाव आ रहा है। सुबह के समय घने कोहरे का प्रभाव दिखाई दे रहा है। अधिकांश शहरों में सुबह 6 बजे से 9 तक कोहरा छाया रहा। लोगों को ठंड […]

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Pink Cold
  • October 22, 2024 7:02 am IST, Updated 4 months ago

भोपाल। एमपी के बड़े हिस्सों में बारिश का अंतिम दौर खत्म होने के बाद गुलाबी ठंड की एंट्री हो गई है। मौसम का मिजाज धीरे-धीरे बदलाव आ रहा है। सुबह के समय घने कोहरे का प्रभाव दिखाई दे रहा है। अधिकांश शहरों में सुबह 6 बजे से 9 तक कोहरा छाया रहा।

लोगों को ठंड का एहसास

सुबह के समय कोहरे की वजह से लोगों को ठंड का एहसास हुआ। कहीं-कहीं कोहरा इतना ज्यादा था कि कुछ दूर तक कुछ भी दिखाई नहीं दे रहा था। वाहन चालकों को रास्ता देखने के लिए लाइट का उपयोग करना पड़ा। देवास मुख्यालय पर भी ठंड की धूंध दिखाई दें रही थी। वहीं शहर की अपेक्षा बाहरी क्षेत्रों में कोहरा ज्यादा घना था। सुबह करीब 8 बजे भोपाल बायपास, भोपाल रोड पर घने कोहरे की वजह से वाहन चालकों को अपनी गति धीमी करनी पड़ी। वहीं दोपहर होते-होते दिन साफ हो गया और धूंध छटने लगी।

काले बादल छाए रहे

इंदौर में सोमवार को शहर में काले बादल छाए रहे और दोपहर में धूप निकली। काले बादल छाए रहने के कारण दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक मंगलवार को बादल छाएंगे और कहीं-कहीं हल्की बारिश होगी। सोमवार को प्रदेश में सुबह के समय घना कोहरा छाया रहा। वहीं देर रात मौसम में ठंडा होने की वजह से लोगों को ठंडक का एहसास हुआ। यह गुलाबी ठंज खेतों में किसानी फसलो की बोवनी के समय लाभ देगी। रतलाम, नीमच में एक बार फिर मौसम ने करवट ली है। इससे जिले के कई क्षेत्रों में घने बादल छा गए। कहीं-कहीं बारिश हुई, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई। उल्लेखनीय है कि इस बार कई जिलों में अतिवृष्टि हुई है। इससे खरीफ की फसलों को काफी नुकसान हुआ है।

कई फसलों को नुकसान

इस बार प्रदेश के कई जिलों में अत्यधिक वर्षा हुई। इससे जलाशय और तालाब लबालब भर गए है। कई बांधों का पानी स्तर से ऊपर तक भर चुका है। रबी फसल के लिए किसानों के पास पर्याप्त पानी मौजूद है। अधिक बारिश से किसानों की मक्का, मूंगफली, सोयाबीन समेत कई अन्य फसलों को नुकसान हुआ है।


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